◆Stop Female Foeticide◆
【Please Save The Girl Child】
![]() |
| Save girl child |
●कन्या भ्रूण हत्या का सबसे बड़ा कारण है दहेज प्रथा
दहेज देने में असमर्थ होने के कारण लोग बेटी को गर्भ में ही मार देते है।
माँ चाहिए, बहन चाहिए और पत्नी भी चाहिए तो बेटी क्यों नहीं चाहिए।
जैसा कि दोस्तो देखा जाता है कि हर प्रकार से बहन, बेटियों पर अत्याचार होते हैं । इसका मुख्य कारण है, दहेज और समानता का अधिकार न मिलना । इसलिए कहते हैं, बेटियां बोझ होती है और उन पर अत्याचार होते हैं ।
●लोगों की गलत धारणा
हमारी तथा हमारे समाज की गलत सोच,
बेटा हुआ तो नाम रोशन करेगा पैसे कमाएगा, वंश को आगे बढ़ाएगा ओर बुढ़ापे का सहारा बनेगा और
बेटी हुई तो कुल का नाश करेगी शादी में दहेज देना पड़ेगा, समाज में बेइज्जत करेगी । इसलिए जब बेटा जन्म लेता है तो खुशियां मनाई जाती है ओर बेटी हुई तो उसे गर्भपात करके मरवा दिया जाता है या उसे नीची नजरों से देखा जाता है ।
●बेटा बेटी में असमानता
अगर बेटी को जन्म दे भी दिया तो उसे आजादी नही दी जाती, स्कूल नही भेजा जाता और बेटा हुआ तो उसे परिवार ओर समाज का खूब प्यार मिलता है, अच्छी से अच्छी शिक्षा ग्रहण करवाई जाती है ताकि नौकरी लग जाए, वंश आगे बढ़ेगा ओर बुढ़ापे में हमारा सहारा बनेगा ओर बेटी को तो समाज में कलंक माना जाता है।
समाज अशिक्षित होने के कारण बेटियों पर अत्याचार शुरू किए हुए है । जैसे शिक्षा का अभाव, समाज की सोच ओर दहेज, इन कारणों से आज भी बेटियों को बोझ माना जाता है । लेकिन होता उल्टा ही है, बेटा बड़ा होने के बाद कहना नही मानता । अपने मन की करता है, गलत संगत में रहने लगता है, नशा करने लगता है, चोरी करने लगता है । सही मायने में देखा जाए तो बेटियां ही बुढ़ापे में माता पिता का सहारा बनती हैं ।
बेटा एक कुल का नाम रोशन करता है लेकिन बेटियां दो कुलों का नाम रोशन करती हैं।
●दहेज प्रथा का बढ़ता प्रकोप बेटियों को निगल रहा है ।
दोस्तो दहेज के कारण भी बेटियों को ये अनमोल मनुष्य जीवन नसीब नही होता और दहेज लेने वाले और देने वाले कोई और नहीं, हमारे अपने ही होते है । एक बेटी को मरवाने में हमारा सहयोग है, समाज का सहयोग है और मान लो दहेज दे भी दिया तो फिर भी दहेज लोभियों के पेट नही भरते और जला देते हैं, फाँसी लटका देते हैं ओर ये करते वक्त उन लोगो के हाथ नही कांपते ।
![]() |
| Dowry a curse for society |
सरकार ने बहुत सारी मुहिम चला रखी हैं । उदाहरण के तौर पर बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ । लेकिन इसके बादजूद भी कन्या भ्रूण हत्या के मामलों निरन्तर वृद्धि होती रही है। लेकिन सरकार की यह मुहिम असफल रही है । वही दूसरी तरफ देखने मे आया है कि संत रामपाल जी महाराज इस मुहिम को सफल बना रहे है।
संत रामपाल जी महाराज का एक ही सपना।
नशा मुक्त और दहेज मुक्त हो भारत अपना ।।
![]() |
| how to stop female foeticide |
जब तक सच्चा ज्ञान नहीं हो जाता तब तक समाज की परम्पराएं, सामाजिक भेदभाव, इनसे बाहर नहीं निकल सकते ज्यादातर बेटियों को नहीं अपनाने का कारण यह है कि जब वो बड़ी होगी, उनकी शादी के लिए व दहेज के लिए पैसा जोड़ना पड़ता है ओर दहेज लोभियों के कारण बेटियों को ठुकराया जाता है। लेकिन अब ऐसा नही होगा क्योंकि
दोस्तो, नाम से ही पता लग रहा होगा कि यह पुस्तक मानव समाज के लिए कितनी अनमोल है ।
यह पुस्तक संत रामपाल जी द्वारा लिखित है। संत रामपाल जी महाराज के ज्ञान से विचारो में शुद्धता आती है तथा जब परमात्मा के विधान से परिचित होते है तब इंसान बुराइया करने से बचता है
●संत रामपाल जी महाराज के बताए ज्ञान से ही होगा समाज की कुरीतियों का खात्मा
●संत रामपाल जी के सानिध्य में "बेटी बचाओं बेटी पढ़ाओ " का सपना सच हो रहा है
A Daughter is not a Burden anymore【सचमुच अब बेटी बोझ नहीं】
![]() |
| stop dowry system |
संत रामपाल जी के ज्ञान से अब बेटियां बोझ नहीं।
क्योंकि संत रामपाल जी महाराज से जो नाम उपदेश लेता है वो ना तो दहेज लेता है, ना ही दहेज देता है। तथा संत जी के सानिध्य में कई दहेज मुक्त विवाह हुए है।
![]() |
| beti bachao beti padhao campaign |
◆संत रामपाल जी महाराज का कहना है◆
अगर, बहु के रूप में बेटी घर लानी है
तो करनी होगी दहेज मुक्त शादी।
संत रामपाल जी महाराज के अनुयायी ना तो दहेज लेते है, ना ही दहेज देते हैं तथा बिना किसी खर्च और बिना किसी आडम्बर के सिर्फ 17 मिनट में शादी करते है।
अगर, बहु के रूप में बेटी घर लानी है
तो करनी होगी दहेज मुक्त शादी।
संत रामपाल जी महाराज के अनुयायी ना तो दहेज लेते है, ना ही दहेज देते हैं तथा बिना किसी खर्च और बिना किसी आडम्बर के सिर्फ 17 मिनट में शादी करते है।
![]() |
| Who stopped dowry system in India |
अधिक जानकारी के लिए अवश्य पढ़िए पुस्तक "जीने की राह" तथा "ज्ञान गंगा"
![]() |
| Save girl child article |
अवश्य सुनिए संत रामपाल जी महाराज के मंगल प्रवचन रोजाना साधना टीवी शाम 7:30 pm








No comments:
Post a Comment